कोरोना की लहर में अपनों को खो दिया, फिर भी कर्तव्य पथ पर डटी रहीं पूनम

कोरोना की लहर में अपनों को खो दिया, फिर भी कर्तव्य पथ पर डटी रहीं पूनम

जांजगीर-चांपा। Chhattisgarh : परिवार के किसी एक सदस्य की मृत्यु पूरे परिवार को झकझोर देती है वहीं परिवार के तीन प्रमुख सदस्यों की कोविड से मौत होने के बाद भी स्टाफ नर्स पूनम पटेल अपने दायित्वों के निर्वहन और सेवा भाव में कोई कमी नहीं आने दी। वे इस सोच से अपने कर्तव्यों का निर्वहन कर रही हैं ताकि अन्य किसी को ऐसी तकलीफ का सामना न करना पड़े।

जिले के विकासखण्ड अकलतरा के अन्तर्गत प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र नरियरा में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के अंतर्गत संविदा में पदस्थ स्टॉफ नर्स पूनम पटेल 08 मार्च, 2019 से कार्यरत है। वे अपनी पदस्थापना के बाद से ही लगातार कोरोना काल में ड्यूटी कर रहीं हैं। अपने कार्यकाल मे ओपीडी, डिलीवरी, कोविड वैक्सीनेसन कार्य निरंतर रूप से नरियरा में रहकर सेवाये दे रहीं हैं। इनका 02 वर्ष 02 माह का छोटा बच्चा है।कोरोना ड्यूटी के दौरान इस माह इनके परिवार के तीन मुख्य सदस्यों की कोरोना से मृत्यु हो गई है। इस दौरान गत- 17 मई को इसीटीसी जांजगीर में इनके ससुर कोमल प्रसाद पटेल, इनके ननंद ममता पटेल उम्र 21 वर्ष व इनकी भाभी चम्पा पटेल की मृत्यु 9 मई को बिलासपुर के निजी चिकित्सालय मे हो गई। 10 दिवस के अंदर परिवार के 03 अहम सदस्यों की मृत्यु के पश्चात भी संविदा में पदस्थ पूनम पटेल साहस और सेवाभाव के साथ अपना कार्य कर अपने दायित्वों का निर्वहन कर रहीं हैं।

कलेक्टर यशवंत कुमार ने स्टाफ नर्स पूनम पटेल पर आए इस दुःख को सहने की उन्हें ताकत देने ईश्वर से प्रार्थना की है। कलेक्टर ने पूनम पटेल के कर्तव्य के प्रति निष्ठा, उनके सेवा भाव की प्रशंसा की और उन्हें अन्य कर्मियों के लिए प्रेरक और अनुकरणीय बताया। कलेक्टर ने कहा कि ऐसे सेवाभावी कर्मी हमारे जिले में पदस्थ हैं जो हम सबके लिए सौभाग्य और गर्व की बात है।

छत्तीसगढ़ जांजगीर-चांपा