छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा एनआरआई सेल समन्वयक की नियुक्ति से छत्तीसगढ़ी अप्रवासी भारतीय नाराज…मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर किया पुनर्विचार का निवेदन

छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा एनआरआई सेल समन्वयक की नियुक्ति से छत्तीसगढ़ी अप्रवासी भारतीय नाराज…मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर किया पुनर्विचार का निवेदन

विभिन्न देशों (अमेरिका, कनाडा, यूरोप, ऑस्ट्रेलिया, सिंगापुर, यूके, यूएई) के छत्तीसगढ़ एनआरआई (नाचा) के अधिकारियों ने छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर एनआरआई नियुक्त समन्वयक को बदलने की अपील की।

छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा विभिन्न देशों में निवासरत छत्तीसगढ़ के अप्रवासी भारतीयों को एक सूत्र में जोड़ने एवं विश्वपटल पर छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक गरिमा को बनाये रखने के लिए एन.आर.आई. सेल का गठन किया गया है।

अंतरराष्ट्रीय मंच पर छत्तीसगढ़ी संस्कृति पर कार्य करने वाली एकमात्र सबसे सशक्त संगठन NACHA को “समन्वयक की नियुक्ति” से पहले छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा सूचित नहीं किया गया है जो कि चिंता का विषय है। क्योंकि हजारो की संख्या में इस संगठन से कई देशों के लोग जुड़े हुए हैं।

नाचा के राष्ट्रीय पदाधिकारियों ने इस नियुक्ति का कड़ा विरोध किया है।18 देशों के NACHA के अधिकारियों द्वारा छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री को नियुक्ति पर पुनर्विचार के लिए पत्र लिखा गया है।वर्तमान में नियुक्त समन्वयक नाचा का सदस्य नही है।ज्ञात हो कि NACHA द्वारा पिछले कई वर्षों से एनआरआई डिवीजन बनाने के लिए पहल किया गया था।प्रस्ताव बनाकर पूर्व भाजपा सरकार और फिर वर्तमान सरकार को सौंपा गया था।आश्चर्य की बात यह है नियुक्ति से पहले एनआरआई समुदाय को शामिल या सूचित नहीं किया गया है।नाचा छत्तीसगढ़ एनआरआई के लिए एकमात्र कानूनी संगठन है, जिसकी 18 देशों में उपस्थिति है और भारत के बाहर छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक विरासत को लगातार बढ़ावा देता रहा हैं।

नाचा के कार्यकारी उपाध्यक्ष एवं अंतर्राष्ट्रीय समिति के अध्यक्ष श्री शत्रुघ्न बरेठ ने कहा कि गौरतलब है कि NACHA को शामिल किए बगैर वैश्विक मंच पर कार्य कर पाना बेहद मुश्किल है।बेहतर होता छत्तीसगढ़ सरकार इस विषय पर नाचा के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ चर्चा कर लेती।इतनी बड़ी संगठन के जानकारी के बगैर नियुक्ति हास्यपद है। नियुक्त व्यक्ति को कैसे नामांकित किया गया था और वर्तमान सरकार के साथ उसका क्या संबंध है, और उसके नाम की सिफारिश किसने की थी।यह बहुत बड़ा प्रश्नचिन्ह है।भारतीय प्रवासी भारत के लिए एक ब्रांड एंबेसडर हैं, और NACHA के सभी लोग छत्तीसगढ़ के लिए एक ब्रांड एंबेसडर हैं।
हम बहुत सकारात्मक हैं कि माननीय मुख्यमंत्री हमारी चिंता की समीक्षा करेंगे और छत्तीसगढ़ राज्य और उसके लोगों की भलाई के लिए नियुक्ति रद्द कर देंगे।

NACHA ने आधिकारिक रूप से घोषणा की है कि नवंबर में अमेरिका और कनाडा में छत्तीसगढ़ राज्य की संस्कृति को 6 भारतीय दूतावासों के साथ मिलकर “छत्तीसगढ़ उत्सव” की मेजबानी करने की योजना बना रहे है।इस उत्सव में छत्तीसगढ़ के 12 से 15 कलाकार अपनी कला का प्रदर्शन अंतरराष्ट्रीय मंच पर करेंगे।यह कार्यक्रम छत्तीसगढ़ी महतारी को समर्पित रहेगी।लेकिन अगर समन्वयक की नियुक्ति में सरकार की ओर से कोई ठोस फैसला नहीं लिया जाता है तो नाचा बेहतर समन्वय का विकल्प तलाशेगा।

पिछले कई वर्षों से NACHA सरकार के सहयोग या भागीदारी के बिना उत्कृष्ट कार्य कर रहा है।नाचा भारत के बाहर एक महान संगठन है जिसने छत्तीसगढ़ का प्रतिनिधित्व किया है।छत्तीसगढ़ सरकार को नियुक्ति के विषय पर तत्काल संज्ञान लेकर हस्तक्षेप करना चाहिए।वैश्विक मंच पर नाचा छत्तीसगढ़ का गौरव है और सैकड़ो कलाकारों के लिए अंतरराष्ट्रीय मंच प्रदान कर रहा है।कलाकारों के लिए बेहतरीन प्लेटफार्म देने के लिये नाचा कृत संकल्पित है।

दक्षिण भारत के प्रवासी भारतीयों की तुलना में छत्तीसगढ़ प्रवासी समुदाय उतना बड़ा नही हैं।आकड़ो पर यदि ध्यान दे हमारे पास 5000 से 7000 छत्तीसगढ़ एनआरआई हो सकते है।जो कि पहले से ही NACHA में 3000 से भी अधिक जुड़ चुके है।छत्तीसगढ़ सरकार को नाचा की “एकता की शक्ति” को पहचानना चाहिए ताकि अधिक से अधिक एनआरआई संगठन से जुड़ें और राज्य के बाहर राज्य को बढ़ावा देने के लिए सभी प्रोत्साहित हो।

नाचा के कार्यकारी उपाध्यक्ष तिजेंद्र साहू ने कहा छत्तीसगढ़ सरकार को NACHA के सदस्यों में से ही नियुक्त करना चाहिए ताकि NACHA से जुड़े हुए हजारो अप्रवासी भारतीयों में नवीन ऊर्जा का संचार हो।NACHA छत्तीसगढ़ी संस्कृति, विरासत, भाषा आदि का एक प्रबल प्रचारक रहा है।NACHA ने छत्तीसगढ़ी को एक भाषा के रूप में बढ़ावा देने वाली पहल की हैं और छत्तीसगढ़ के लोगों को अंतराष्ट्रीय समुदाय के साथ निर्बाध रूप से बातचीत करने में सक्षम बनाएगी।इतना ही नहीं,NACHA के अथक प्रयासों से छत्तीसगढ़ सरकार और छत्तीसगढ़ी अप्रवासी भारतीयों के बीच एक निरंतर संपर्क रहा है; दुनिया के विभिन्न हिस्सों में महावाणिज्य दूत,और सीजी एनआरआई जुड़े हुए है।

नाचा की बड़ी उपलब्धि रही है।जब यूक्रेन युद्ध शुरू हुआ और हमें छत्तीसगढ़ी छात्रों को बचाना था जो बहुत अनिश्चितता और निराशा में फंस गए थे। इन सभी प्रयासों और कार्यों के साथ, हमने महसूस किया कि छत्तीसगढ़ सरकार यह पहचान लेगी कि कैसे NACHA सभी CG NRI के लिए घर से दूर है और इसलिए NACHA को NRI सेल कोऑर्डिनेटर बनने का पहला मौका देगी। NACHA के NRI सेल समन्वयक का अर्थ है NRI समुदाय की बेहतर भागीदारी, और दुनिया के विभिन्न हिस्सों में NRI तक बेहतर पहुंच। नाचा इस प्रकार माननीय मुख्यमंत्री जी से सीजी एनआरआई की आवाज सुनने और एनआरआई सेल समन्वयक पर अपने फैसले पर पुनर्विचार करने का अनुरोध करता है।

अंतरराष्ट्रीय छत्तीसगढ़